18/05/2026
लोगों ने बलात्कारी, गंजेड़ी, भंगेड़ी, चोर, देश द्रोहियों को तांत्रिक बना दिया...
तुम जानते हो तांत्रिक किसे कहते है
मूर्खों ने तंत्र की धज्जियाँ उड़ा दी !
छोटे - छोटे बच्चे और नगर वधु स्त्रियां ज्योतिष के नाम पर, तांत्रिक बन कर घूम रही है !
कांच की रंग विरंगी मालाएँ पहन कर या काले पीले कपड़े पहन कर, राख अपने शरीर पर लगा कर कोई भी स्त्री-पुरुष तांत्रिक सिद्धि पुरुष नही बन जाता !
मूर्खों वस्त्र हमारे प्रतीक चिंन्ह है, इनका मज़ाक 'हास्य' मत उड़ने दो,
आज के जिनको आप संत अखाड़े कहते हो ये लोग राजनैतिक नेता है, इन सब पर सैकड़ों पुलिस केश चल रहे है !
ये लोग गुरुओं के नाम पर घंटाल दास है !
जिनकी उम्र 15 से लेकर 40 वर्ष के बीच है ! तुम लोग येसे लोगों से प्रभावित हो जाते हो,
लेकिन तुम लोग तांत्रिक का मतलब ही नही जानते हो !
तांत्रिक का मलतब वर्षों तपश्या कर सिद्धि प्राप्त करना !
जैसे वशिष्ठ ऋषि, विस्मामित्र ऋषि, श्रृंगी ऋषि, भ्रंगु ऋषि, विशुद्धानंद, बामा खेपा, देवरहा बाबा, निखलेश्वरा नंद, नारायण दत्त श्रीमाली, पंडित गोपीनाथ कविराज जी और भी अनंत है !
तांत्रिक वही जिसने वर्षों तपश्या की हो , त्याग किया हो !
त्याग और तपश्या से ही सिद्धि प्राप्त होती है !
सोना जब तपता है तभी कुंदन बनता है !
लोहा पारस के संपर्क मैं आकर ही सोना बनता है !
तुम लोग तंत्र को बदनाम मत करो.. तंत्र तपश्या का मार्ग है, पण्डित्य या नेता नगरी, वेश्या वृति का मार्ग नही ..!!"
आप के पूर्वजों की धरोहर तंत्र, साधना तप मार्ग का सम्मान करो 💐💐💐