Tilheshwar sthan श्री तिल्हेश्वर नाथ शरणम्

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Tilheshwar sthan श्री तिल्हेश्वर नाथ शरणम् Shri Shri 108 Baba Tilheshwar Nath Dham is situated in Sukhpur Supaul Bihar . This is one of the oldest worship place in Koshi devision .

The Maa Parvathi temple is tied up with the main temple, with huge red sacred threads which is unique .

आज का दिन साधारण नहीं है।आज वह दिन है जब सृष्टि को बचाया गया था…आज मत्स्य जयंती है।आज शुक्ल पक्ष की तृतीया है,और यही वह ...
22/03/2026

आज का दिन साधारण नहीं है।
आज वह दिन है जब सृष्टि को बचाया गया था…
आज मत्स्य जयंती है।

आज शुक्ल पक्ष की तृतीया है,
और यही वह पावन तिथि है
जिसे शास्त्रों में मत्स्य जयंती कहा गया है।

👉 और सबसे महत्वपूर्ण बात:
इसी के बाद आरंभ होता है हिंदू नव वर्ष (चैत्र शुक्ल प्रतिपदा)

यानी आज केवल एक पर्व नहीं —
यह नए युग की दहलीज है।


जब सृष्टि डूब रही थी…

प्राचीन ग्रंथों में वर्णन मिलता है कि एक समय
पूरी सृष्टि प्रलय (महाविनाश) में डूबने वाली थी।

तभी एक छोटी सी मछली प्रकट हुई…
जिसने राजा मनु से कहा:

“मुझे बचाओ, मैं तुम्हें बचाऊँगा।”

यह कोई साधारण मछली नहीं थी —
यह स्वयं भगवान विष्णु का अवतार था।


शास्त्रों में प्रमाण

यह कथा केवल कहानी नहीं है,
बल्कि कई ग्रंथों में स्पष्ट रूप से वर्णित है:
• श्रीमद्भागवत महापुराण (स्कंध 😎
• मत्स्य पुराण
• महाभारत (शांति पर्व)

इन ग्रंथों में बताया गया है कि:

👉 भगवान ने मत्स्य रूप धारण किया
👉 मनु को एक नौका बनाने को कहा
👉 सप्तऋषियों, बीजों और वेदों को उस नौका में सुरक्षित रखा

जब प्रलय आया,
तो वही मत्स्य रूप भगवान उस नौका को
अपनी सींग से बांधकर सुरक्षित ले गए।


इसका गहरा अर्थ

यह केवल “बचाने” की कहानी नहीं है।

👉 यह प्रतीक है:
• ज्ञान (वेद) को बचाने का
• धर्म को जीवित रखने का
• सृष्टि के पुनर्निर्माण का

जब सब कुछ समाप्त हो रहा था,
तब भी धर्म नहीं मिटा।

👉 ”
————— “आज मत्स्य जयंती है”

यह केवल अज्ञान नहीं,
यह हमारी संस्कृति की चुपचाप हो रही क्षति है।



नव वर्ष का संकेत (Hindu New Year)

मत्स्य जयंती केवल एक स्मृति नहीं —
यह एक शुरुआत का संकेत है।

—- इसके बाद आता है:
चैत्र शुक्ल प्रतिपदा — हिंदू नव वर्ष

यानी:
• नया समय
• नई ऊर्जा
• नया धर्मचक्र

—— इसलिए यह दिन कहता है:

“पुराने अज्ञान को छोड़ो,
और नए ज्ञान के साथ आगे बढ़ो।”



हमें क्या करना चाहिए?

आज के दिन:
• भगवान विष्णु की पूजा करें
• मत्स्य अवतार की कथा पढ़ें
• अपने बच्चों को यह ज्ञान दें
• और सबसे जरूरी —
इस दिन को याद रखें

जब पूरी दुनिया डूब रही थी,
तब एक “मछली” ने सृष्टि को बचाया…

15/02/2026

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852130

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