08/09/2024
*केस स्टडी*
*पितृ दोष निवारण के माध्यम से पुरी कॉलोनी हाथों-हाथ बिक गई*
पिछले कुछ माह पूर्व एक जगह पर कॉलोनी विजिट के लिए गए थे। नई कॉलोनी कट रही थी, प्लाट काट दिए थे, उनकी समस्या थी कि यहां लोग आते हैं, देखते हैं, लगभग बात भी फाइनल हो जाती है, लेकिन उसके बाद ठंडे बस्ते में चली जाती है।
काफी दिनों से परेशान थे वहां पर जब वास्तु के लिए गए, तो जाते से सबसे पहली नजर कॉलोनी के बीचो-बीच खड़े एक पीपल के पेड़ पर पड़ी। वहां पर ध्यान लगाकर एनर्जी चेक की तब पता लगा की कॉलोनी काटने के दौरान यहां पर देवताओं को हटाकर किसी अन्य स्थान पर शिफ्ट किया गया था। दूसरा वहां पर एनर्जी की अवस्था बहुत डिस्टर्ब थी। ऐसे में वहां तात्कालिक प्रभाव से कुछ ट्रीटमेंट बताए गए, और मंत्रोच्चार कर के पीली सरसों क्षेपण की गई।
कुछ जो उपचार बताया गया वह उपचार वह काफी दिनों तक पेंडिंग डाले रहे। फिर बात हुई और उन्हें पुनः बताया कि आपने यह उपचार नहीं किया है। जैसे ही उन्होंने वह उपचार कराया तीन माह के अंदर पुरी कॉलोनी अच्छे दामों में बिक गई।
तो यह प्रभाव होता है अगर किसी क्षेत्र की एनर्जी डिस्टर्ब है, चाहे वहां की भूमि सुप्त अवस्था में हो, अथवा देवताओं के कारण से हो, पितृ दोष के कारण से हो, तो निश्चित रूप से कार्य में अड़ंगे आते ही हैं। और सिर्फ एक श्रीफल और कुछ ट्रीटमेंट के माध्यम से वहां पर जब ट्रीटमेंट कर दिया जाता है, सभी देवताओं को संतुष्ट कर दिया जाता है, तो निश्चित रूप से कार्य सफलता को प्राप्त होता ही है।
यह उनके पुण्य भी था और वास्तु ट्रीटमेंट का प्रभाव भी था।
जय जिनेन्द्र