Shri Chinn Mastika Durga Mandir, Katehra Chowk Phagwara - Punjab

  • Home
  • India
  • Phagwara
  • Shri Chinn Mastika Durga Mandir, Katehra Chowk Phagwara - Punjab

Shri Chinn Mastika Durga Mandir, Katehra Chowk Phagwara - Punjab Phool jogani mataji other names are-Chhinnamastika(Chinnamasta) - Goddess without a head,The goddess resident in Chintpurni.

09/05/2026
02/04/2026

वार्षिक महिला सन्ग्कीर्तन , श्री सिध्द बाबा बालक नाथ मन्दिर फगवाड़ा🎉🎉🎉🎉🎉🎉 सब भक्तो को श्री हनुमान जनमोत्सव की हर्दिक शुभकामनायें 🎉🎉🎉🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏

🙏🙏🙏🙏🌺जय माता की🌺🙏🙏🙏🎉 माता जगदम्बा सब पर कृपा दृष्टी बनाए रखें सब की मनोकामनाएँ पुर्ण करें। दुख संकट हरे झोली खुशियों से ...
23/03/2026

🙏🙏🙏🙏🌺जय माता की🌺🙏🙏🙏🎉 माता जगदम्बा सब पर कृपा दृष्टी बनाए रखें सब की मनोकामनाएँ पुर्ण करें। दुख संकट हरे झोली खुशियों से भरें । यही मेरी मंगल कामना है। 🌺🌺🌺🌺🌺
शुभ नवरात्रि 🙏🙏🙏🙏🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷

04/03/2026

सब भक्तों को होली की हार्दिक शुभकामनायें 🌺🌺🌺🌺🌺🌺⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘

बसंत पंचमी के पावन पर्व की सभी भक्तो को हार्दिक शुभकामनायें । माँ शारदा सभी पर अपनी कृपा दृष्टी बनाये रखें। 🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻...
23/01/2026

बसंत पंचमी के पावन पर्व की सभी भक्तो को हार्दिक शुभकामनायें । माँ शारदा सभी पर अपनी कृपा दृष्टी बनाये रखें। 🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌼🙏🙏🙏🙏🙏🙏जय माता की🙏🙏🙏🙏🙏🙏🎉🎉🎉🎉

बसंत पंचमी का पर्व क्यों मनाया जाता है और इसका हिन्दू धर्म में क्या विशेष महत्व है?
बसंत पंचमी ज्ञान, विद्या, संगीत और कला की देवी माता सरस्वती को समर्पित एक अत्यंत पावन पर्व है।
यह पर्व प्रत्येक वर्ष माघ मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को मनाया जाता है और इसे सरस्वती पूजा के नाम से भी जाना जाता है।

बसंत पंचमी 2026
23 जनवरी 2026, शुक्रवार

इस दिन सरस्वती पूजा, तक्षक पूजा एवं कामदेव पूजा का विशेष महत्व माना गया है।

बसंत पंचमी 2026 पूजा मुहूर्त (Shubh Muhurat)
विवरण समय
सरस्वती पूजा मुहूर्त सुबह 07:12 AM से 12:38 PM
पंचमी तिथि प्रारंभ 23 जनवरी 2026 – 02:28 AM
पंचमी तिथि समाप्त 24 जनवरी 2026 – 01:46 AM
सरस्वती पूजा की विधि

बसंत पंचमी के दिन सुबह स्नान कर पीले या सफेद वस्त्र धारण करें. पूजा स्थल को साफ कर मां सरस्वती की प्रतिमा या चित्र स्थापित करें. मां को पीले फूल, अक्षत, चंदन और धूप-दीप अर्पित करें. विद्यार्थी इस दिन अपनी किताबें, कॉपी और वाद्य यंत्र मां के चरणों में रखकर आशीर्वाद लेते हैं.

सरस्वती पूजा के प्रमुख मंत्र

मंत्र जाप से पूजा का फल कई गुना बढ़ जाता है.

“या देवी सर्वभूतेषु विद्यारूपेण संस्थिता…”

ॐ ऐं सरस्वत्यै ऐं नमः (बीज मंत्र)

ॐ सरस्वत्यै नमः

इन मंत्रों का श्रद्धा से जाप करने से ज्ञान और एकाग्रता में वृद्धि होती है.

भोग का महत्व

बसंत पंचमी के दिन मां सरस्वती को सफेद और पीले रंग के भोग अर्पित करना शुभ माना जाता है. खीर, केसर युक्त मिठाई, हलवा, मिश्री, दही, पंचामृत, ड्राई फ्रूट्स और मौसमी फल भोग में शामिल किए जा सकते हैं.

बसंत पंचमी के विशेष उपाय

इस दिन सरस्वती चालीसा का पाठ करें और पीली वस्तुओं जैसे चना दाल, हल्दी, पीले वस्त्र का दान करें. मान्यता है कि इससे शिक्षा में आ रही बाधाएं दूर होती हैं और करियर में सफलता मिलती है.
भोग का महत्व

बसंत पंचमी के दिन मां सरस्वती को सफेद और पीले रंग के भोग अर्पित करना शुभ माना जाता है. खीर, केसर युक्त मिठाई, हलवा, मिश्री, दही, पंचामृत, ड्राई फ्रूट्स और मौसमी फल भोग में शामिल किए जा सकते हैं.

बसंत पंचमी के विशेष उपाय

इस दिन सरस्वती चालीसा का पाठ करें और पीली वस्तुओं जैसे चना दाल, हल्दी, पीले वस्त्र का दान करें. मान्यता है कि इससे शिक्षा में आ रही बाधाएं दूर होती हैं और करियर में सफलता मिलती है.

बसंत पंचमी का धार्मिक महत्व

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, बसंत पंचमी को न केवल मां सरस्वती का जन्मोत्सव माना जाता है, बल्कि इसी दिन रति और कामदेव के पृथ्वी पर आगमन की भी कथा जुड़ी है. इसलिए कई स्थानों पर दांपत्य सुख और प्रेम जीवन की कामना से रति-कामदेव की भी पूजा की जाती है.

Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां धार्मिक मान्यताओं और पंचांग पर आधारित हैं. किसी भी निर्णय से पहले संबंधित विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें.
SOI-kisanindia.in

01/01/2026

आपको और आपके परिवार को नए साल की हार्दिक शुभकामनाएं🎉🎉🎉🎉🎉🎉🎉 भगवान आप पर और आपके परिवार पर अपनी कृपा दृष्टि सदैव बनाए रखें।🎉🎉🎉आपकी सभी मनोकामनाएं पूर्ण हो ।🎉🎉🎉 2026 आपकी जिंदगी में सफलता और खुशहाली लेकर आए और आप भगवान के चरणों में हमेशा नात मस्तक रहे प्रभु का आशीर्वाद प्राप्त करते रहें यही हमारी मंगल कामना है 🎉🎉🎉🎉🙏🙏🙏🙏
जय माता दी🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌼🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌻🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘

ॐ श्री विश्वकर्मणे नम: 🙏🏼🙏🏼🙏🏼🌹🌹🌹🌹🌹सृष्टि के रचयता भगवान श्री विश्वकर्मा जो सब जीविका कमाने वाली  कलायों के गुरु है। उनके...
23/10/2025

ॐ श्री विश्वकर्मणे नम: 🙏🏼🙏🏼🙏🏼🌹🌹🌹🌹🌹
सृष्टि के रचयता भगवान श्री विश्वकर्मा जो सब जीविका कमाने वाली कलायों के गुरु है। उनके महा पूजा उत्सव के दिन की सब भक्तो को हार्दिक शुभकामनायें । भगवान आप के कला को और निखारे खूब तरक्की बख्शे यही हमारी मंगल कामना है।
🙏🏼🙏🏼🙏🏼🌹🌹🌹🌹🌹🌹

28/08/2025

आज भी देश में अकबर और बाबर के नाम क्यों चल रहे हैं…क्या सड़कों-इमारतों और शहरों के नाम उनके नाम पर चल रहे हैं बताया अ....

.             🌹 *अपरा एकादशी*🌹ज्येष्ठ कृष्ण एकादशी संवत् २०८२ तदनुसार *शुक्रवार, 23 मई 2025*ज्येष्ठ मास कृष्ण पक्ष की एक...
23/05/2025

. 🌹 *अपरा एकादशी*🌹

ज्येष्ठ कृष्ण एकादशी संवत् २०८२ तदनुसार *शुक्रवार, 23 मई 2025*

ज्येष्ठ मास कृष्ण पक्ष की एकादशी को अपरा एकादशी कहा जाता है। महीध्वज नामक एक धर्मात्मा राजा था। राजा का छोटा भाई वज्रध्वज बड़े भाई से द्वेष रखता था। एक दिन अवसर पाकर इसने राजा की हत्या कर दी और जंगल में एक पीपल के नीचे गाड़ दिया। अकाल मृत्यु होने के कारण राजा की आत्मा प्रेत बनकर पीपल पर रहने लगी। मार्ग से गुजरने वाले हर व्यक्ति को आत्मा परेशान करती। एक दिन एक ऋषि इस रास्ते से गुजर रहे थे। इन्होंने प्रेत को देखा और अपने तपोबल से उसके प्रेत बनने का कारण जाना।

ऋषि ने पीपल के पेड़ से राजा की प्रेतात्मा को नीचे उतारा और परलोक विद्या का उपदेश दिया। राजा को प्रेत योनी से मुक्ति दिलाने के लिए ऋषि ने स्वयं अपरा एकादशी का व्रत रखा और द्वादशी के दिन व्रत पूरा होने पर व्रत का पुण्य प्रेत को दे दिया। एकादशी व्रत का पुण्य प्राप्त करके राजा प्रेतयोनी से मुक्त हो गया और स्वर्ग चला गया।

अपरा एकादशी व्रत में इन बातों का ध्यान रखें-
1. पूजा में चावल के स्थान पर तिल अर्पित करें।
2. आलस्य छोड़ें।
3. अधिक से अधिक प्रभु का भजन करें।
4. तुलसी के साथ भगवान को भोग लगाएं।
5. रात्रि में जागरण करते हुए प्रभु के चरणों में विश्राम करें।
6. ब्रह्मचर्य का पालन करें।

सब भक्तो पर परमात्मा की कृपा बनी रहे यही हमारी मंगल कामना है। 🙏🏼🙏🏼🙏🏼
🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏

माता चिंतपूर्णी एवं नरसिंह जयंती की सभी भक्तों को हार्दिक शुभकामनाएं भगवान हम सब पर अपनी दया दृष्टि बनाए रखें सबके दुखों...
11/05/2025

माता चिंतपूर्णी एवं नरसिंह जयंती की सभी भक्तों को हार्दिक शुभकामनाएं भगवान हम सब पर अपनी दया दृष्टि बनाए रखें सबके दुखों का नाश करें सुख करें यही हमारी मंगल कामना है 🙏🏻🙏🏻🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺🌺
जय मां चिन्तपुर्णी 🙏🏻🙏🏻🙏🏻
नरसिंह भगवान की जय 🙏🏻🙏🏻🙏🏻
जय माता दी🙏🏻🙏🏻🙏🏻

Address

Phagwara
144401

Website

Alerts

Be the first to know and let us send you an email when Shri Chinn Mastika Durga Mandir, Katehra Chowk Phagwara - Punjab posts news and promotions. Your email address will not be used for any other purpose, and you can unsubscribe at any time.

Contact The Place Of Worship

Send a message to Shri Chinn Mastika Durga Mandir, Katehra Chowk Phagwara - Punjab:

Share

Category