24/09/2024
मेरे प्यारे भारतवासियों को सादर जय हिन्द! सभी देशवासी एक बात जान लें, कि हमारे द्वारा किसी भी धार्मिक संस्था को, दान स्वरूप दिए गए धन से हमको कभी भी मजबूती नहीं मिलती है। धन की आवश्यकता भगवान को कभी नहीं होती। भगवान सर्वसमर्थ और सर्वशक्तिमान हैं। वह हमको देना जानते है, हमसे हमारे अहंकार का त्याग करने के अलावा, कभी कुछ नहीं मांगते हैं। विश्नोई स्वर्ण आश्रम ट्रस्ट देशवासियों की प्रगति और उत्थान के एक उद्योग खोलने जा रहा है, जिसकी आय का 49 प्रतिशत हिस्सा प्रत्येक तिमाही में आप सभी को हिस्सेदारी के अनुपात में वितरित किया जाएगा। शुरुआत के तीन से छः माह तक कारोबार को स्थापित करने में लगेंगे। कारोबार आपका स्वयं का है। आप जब चाहे कारोबार को छोड़ सकते हैं, अपनी प्रदान की गई लागत की रकम को हमसे वापस मांग सकते हैं। हम आपकी मांग के आधार पर तत्काल विचार करते हुए, आपको एक माह के भीतर, धन वापसी करेंगे। अगर ऐसा होता है तो आपको कारोबार से मुक्त कर दिया जायेगा। उसके बाद आपका कारोबार पर कोई अधिकार नहीं रह जाएगा। इसलिए स्थायी और विश्वसनीय उद्योग की स्थापना में अपना सहयोग प्रदान करें। हमारा मुख्य उद्देश्य भारत को सोने की चिड़िया बनाने का है। भारत सोने की चिड़िया तभी बनेगा जब हम आर्थिक रूप से मजबूत होंगे। आर्थिक रूप से मजबूती के लिए हमको अपना कारोबार, व्यवसाय या उद्योगों को बढ़ाना होगा। कोई भी धनवान अपना स्वयं का उद्योग लगाने में सक्षम है। वह आपको कभी भी अपने उद्योग या कारोबार में हिस्सेदार नहीं बनाएगा। विश्नोई स्वर्ण आश्रम ट्रस्ट चाहता है कि देश में निर्धन लोगों का भी अपना उद्योग हो, जिससे वह गरीबी से उभरकर, धनवानों के सामने सम्मान के साथ बैठ सके। टाटा बिड़ला, अंबानी और अडानी कोई भी बन सकता है। इसके लिए हमको भी उनके जैसे व्यवसाय और उद्योगों को स्थापित करना होगा। एक व्यक्ति दुनिया में अपना नाम कमा सकता है, तो हम आपस में एकजुट होकर, एक दिन इनको भी पीछे पछाड़ सकते है। इसका मतलब यह नहीं है कि हमको इनको बर्बाद करना है। ऐसा कभी नहीं होगा। जब हमारा कारोबार इनसे बड़ा होगा, तो ये स्वयं ही नीचे खिसक जायेंगे। मैंने आगे बढ़ने वालों की टांग खींचने वाले बहुत देखे हैं। मैं हमेशा यहीं समझता हूं कि किसी की टांग खींचने से अच्छा है कि आप स्वयं उनसे अच्छा कार्य करें। जिससे वह स्वयं ही आपसे पीछे हो जायेगा। सोचने और ईर्ष्या करने मात्र से कोई भी कमजोर नहीं होता है। दूसरी बात यह है कि हमारी आपसी मजबूती से ही हमारी केंद्र व राज्य सरकारें सशक्त व मजबूती होती हैं। इसलिए अपने दम पर ही आगे बढ़ें। यह सोचना आपको है, अगर मेरा विचार और उद्देश्य अच्छा लगे तो मुझसे जुड़ें। अन्यथा आप स्वतंत्र हैं। मुझे जबरन किसी को भी उद्योग या कारोबार में नहीं जोड़ना है। भारत सरकार की सबसे बड़ी ताकत हम आम जनता में ही निहित है। भारत सरकार और प्रदेश सरकारें देशवासियों और प्रदेशवासियों को कभी भी कमजोर नहीं बनाना चाहती है, क्योंकि हमारी मजबूती ही देश की मजबूती है। मेरा संदेश सकारात्मक रूप से भारतवासियों को जागृत करना है। सक्षम भारतवासी अपना स्वयं का उद्योग लगाएं। मुझे भारत का एक तुच्छ नागरिक होने के नाते, सदैव खुशी होगी। धन्यवाद। ॐ विष्णु ॐ जय हिन्द-जय भारत।
विमल कुमार बिश्नोई एडवोकेट +919458031001.
[email protected]