सनातन पंथ प्रसारार्थ विचार प्रवाह

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सनातन पंथ प्रसारार्थ विचार प्रवाह धर्म की... जय हो!!
अधर्म का... नाश हो!!
सनातन पंथ का... प्रसार हो!!
जय श्री राम!!

18/04/2026
12/01/2026

आप ये तथ्य जानते हैं, फिर भी अपने बच्चों को उनके पंथ का नाम तक नहीं बता पाये, जिससे, वो,

" God is one, and my one is the only true one... Submit to my God, else I 'll kill you..." वाले किताबी झूठ का मुकाबला भी कर सकें l

बच्चा, तुम्हें रामकाज का ये संकल्प इसी इरादे से 10/ 12 साल से बता रहा हूँ l

रामकाज को मनोयोग से करने के लिए, आइये साथ मिल कर प्रेम से ये संकल्प -

धर्म की ... जय हो !!
अधर्म का ... नाश हो !!
सनातन पंथ का ... प्रसार हो !!
जय श्री राम !!

स्वयं लें, और अपने बच्चों को दिलवाकर इसे आस पास अन्य सभी लोगों को बताएं।

अब भी, इस संकल्प को सुन कर, कसम खा कर पंथ निरपेक्ष ( मृत) मत हो जाना l

धर्म निरपेक्ष अम्बेडकरी संविधान में जनता को धर्म पढ़ाना, किसी मूर्खता से कम नहीं l जिसे मूर्खता करनी है, करे...

लोकतंत्र में जब सबको, एक वोट का राजा बना ही दिया है, तो सबको रामकाज का ये संकल्प रटवाए l कोई छूटे न l शंकराचार्य भी नहीं l

निरर्थक हैं, वो शंकराचार्य जो अपने लोगों को ये तक न बता पाये, कि " रामकाज और उसका संकल्प" क्या होता है ?

07/01/2026

मैं आप सभी से हाथ जोड़कर माफी मांगता हूँ ,उन पंडी जी की करतूत के लिए जिन्होंने मंत्र मार कर नालंदा यूनिवर्सिटी जला दी थी।

मैं हाथ जोड़कर माफी मांगता हूँ, उन पंडी जी की करतूत के लिए जिन्होंने आप के सभी त्यौहार, मठ, स्तूप आदि चुरा लिए।

मैं हाथ जोड़कर माफी मांगता हूँ ,उन पंडी जी की करतूत के लिए जिन्होंने भूतकाल में आप लोगों को पढ़ने लिखने से रोके रखा।

मैं हाथ जोड़कर माफी मांगता हूं, अपने पूंजीपति दोस्तो के लिए जिन्होंने अंडरवियर बनाया घुघराले बालों को छिपाने के लिए ताकि हर घुंघराली चीज को बुद्ध से कोई इतिहासकार कनेक्ट ना कर पाए।

मैं हाथ जोड़कर माफी मांगता हूँ, ठाकुर साहब की करतूत के लिए जिन्होंने अपने कुएं से पानी भरने से मना कर दिया था।

मैं हाथ जोड़कर माफी मांगता हूँ, बनिया समाज की करतूत के लिए जो दो रुपए की चीज आप लोगों को बीस रुपए में बेचते थे।

मैं हाथ जोड़कर माफी मांगता हूँ ,भूमिहार और जाट समाज की करतूत के लिए जिन्होंने आप लोगों की जमीनें कब्जा कर ली।

मैं हाथ जोड़कर माफी मांगता हूँ, मुस्लिम शासकों की ओर से जिन्होंने आप लोगों की रक्षा नहीं की ब्राह्मणों के अत्याचार से

लास्ट बट नोट द लिस्ट। मैं हाथ जोड़कर माफी मांगता हूँ, यादव समाज की करतूत के लिए जिन्होंने पानी मिला दूध पिलाया आप लोगों को।

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