22/12/2025
आधुनिक मनुष्य ने चन्द्रमा तक पहुँचने के लिए कठोर संघर्ष किया है, लेकिन उसने अपने आध्यात्मिक उत्थान के लिए कठिन प्रयास नहीं किया। यदि मनुष्य को पचास वर्ष आगे जीना है, तो उसे चाहिए कि उस थोड़े समय को भगवान् का स्मरण करने के अभ्यास में लगाए। यह अभ्यास भक्तियोग है