22/08/2025
भारतीय समयानुसार
चंद्र ग्रहण 7 सितंबर को रात 9 बजकर 58 मिनट पर लगेगा और इसका समापन रत 1 बजकर 26 मिनट पर होगा. इस दौरान चंद्रमा का रंग लाल दिखाई देगा, जिसे खगोलशास्त्र में ब्लड मून कहा जाता है.साल का दूसरा और आखिरी चंद्र ग्रहण है भारत में तो देखा ही जा सकेगा. इसके अलावा यह एशिया, ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, अमेरिका, फिजी और अंटार्कटिका के कुछ हिस्सों में भी दृश्यमान रहेगा.चूंकि यह ग्रहण भारत में दिखाई देगा, इसलिए इसका सूतक काल भी मान्य होगा. चंद्र ग्रहण शुरू होने से लगभग 9 घंटे पहले सूतक लग जाता है. 7 सितंबर 2025 को लगने वाले चंद्र ग्रहण का सूतक काल दोपहर 12 बजकर 57 मिनट पर शुरू हो जाएगा.सूतक काल में कुछ खास कार्य वर्जित माने गए हैं. इस दौरान मंदिरों में पूजा-अर्चना और धार्मिक कार्य नहीं किए जाते. इसलिए मंदिरों के कपाट भी बंद रहते हैं. इस समय केवल मंत्र-जप और आंतरिक भक्ति ही की जा सकती है. चंद्र ग्रहण में धारदार या नुकीले उपकरणों का इस्तेमाल भी वर्जित माना गया है. इस दौरान खाना पकाने से बचें और घर में पहले से रखे खाने में तुलसी के पत्ते जरूर डालें. चंद्र ग्रहण की अवधि में गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए. ग्रहण समाप्त होने के बाद मंदिर की शुद्धि की जाती है और फिर पूजा-पाठ शुरू होता है.
एक और महत्वपूर्ण बात यह है कि चंद्र ग्रहण का सूतक काल दोपहर12.57 बजे शुरू हो जाएगा. इसलिए पितृपक्ष भी शुरू हो रहा है. इसलिए बेहतर होगा कि आप चंद्र ग्रहण का सूतक काल लगने से पहले ही पितृपक्ष से जुड़े रिवाज संपन्न कर लें.
जय श्री श्याम जी 🙏
आचार्यअंकितशर्मागुना