08/09/2017
श्राद्ध - तर्पण की तिथियां और कार्यकर्म :-
5 सितंबर दिन मंगलवार को श्राद्ध पूर्णिमा - तीर्थपुरोहित पण्डाजी का चरण पूजा पुनपुन, गोदावरी श्राद्ध
6 सितंबर दिन बुधवार को प्रतिपदा श्राद्ध होगा - फलगु स्नान श्राद्ध, तीर्थपुरोहित पण्डाजी का चरण पूजा खीर का पिण्डा
7 सितंबर दिन गुरुवार द्वितीया श्राद्ध - ब्रह्मकुण्ड जौ चुर्णश्राद्ध, प्रेतशिला, रामशिला, रामकुण्डश्राद्ध, काकबलि तीन पिण्ड
8 सितंबर दिन शुक्रवार तृतीया श्राद्ध - पंचतीर्थ उत्तम मानस, उदीची, कनखल, दक्षिणामानस, जिव्हालोल श्राद्ध, गजाधर जी का पंचामृत स्नान
9 सितंबर दिन शनिवार चतुर्थी श्राद्ध - सरस्वती स्नान पंचरत्न दान, मातंग़वापी श्राद्ध, धर्मारण्यकूप के मध्य श्राद्ध
10 सितंबर दिन रविवार पंचमी श्राद्ध - ब्रह्मसरोवर, काकबलि श्राद्ध, अम्रसिंचन
11 सितंबर दिन सोमवार षष्ठी श्राद्ध - विष्णुपद, ब्रह्मपद, रूद्रपद श्राद्ध, तीर्थपुरोहितजी पंण्डाजी का पांव पूजा
12 सितंबर दिन मंगलवार सप्तमी श्राद्ध - कार्तिकपद, दक्षिणाग्निपद, गार्हपत्याग्निपद, आहवनीयाग्निपद, सुर्यपद, चन्द्रपद गणेशपद, संध्याग्निपद श्राद्ध
13 सितंबर दिन बुधवारअष्टमी श्राद्ध - आवसंध्याग्निपद, दधिचीपद, कण्वपद, मातंगपद, कौंचपद, अगस्तपद, इन्द्रपद, कश्यपद अधिकरणपद दूध तर्पण अन्नदान
14 सितंबर दिन गुरुवार नवमी श्राद्ध - रामगया श्राद्ध, सीताकुण्ड बालु का पिण्ड तीर्थ पुरोहित जी का चरण पूजा , सौभाग्यदान
15 सितंबर दिन शुक्रवार दशमी श्राद्ध - गया सिर, गया कूप श्राद्ध
16 सितंबर दिन शनिवार एकादशी श्राद्ध - मुण्डपृष्ठ, आदिगदाधर, धौतपद श्राद्ध एवं चाॅंदी दान
17 सितंबर दिन रविवार द्वादशी श्राद्ध त्रयोदशी श्राद्ध - भीम गया, गौप्रचार, गदालोल श्राद्ध एवं सोना दान
18 सितंबर दिन सोमवार चतुर्दशी श्राद्ध - विष्णुपद तर्पण संध्या में दीप दान
19 सिंतबर दिन मंगलवार सर्व पितृ अमावस्या - वैतरणी तर्पण, गोदान(यह 19 सितंबर से शुरू होकर 20 सितंबर को दोपहर 11.15 बजे तक रहेगी)
20 सिंतबर दिन बुधवार कृष्णपक्ष अमावस्या - अक्षयवट श्राद्ध खीर का पिण्ड
21 सिंतबर दिन बुधवार आश्विन शुक्लपक्ष 1 प्रतिपदा - गायत्रीघाट दही का पिण्ड आचार्य का दक्षिणा विदाई
पूर्णिमा से अमावस्या के ये 15 दिन पितरों के लिए जाना जाता हैं | इन 15 दिनों में हम पूर्वजो को याद करते है और उनका तर्पण करते हैं उनके आत्मा को शांति प्रदान करते हैं |