Hindu Mahasabha Rashtrawadi-Akhil Bharat Hindu Mahasabha-ABHM

  • Home
  • India
  • Delhi
  • Hindu Mahasabha Rashtrawadi-Akhil Bharat Hindu Mahasabha-ABHM

Hindu Mahasabha Rashtrawadi-Akhil Bharat Hindu Mahasabha-ABHM Akhil Bharat Hindu Mahasabha -ABHM

17/09/2025

नेपाल में जनरेशन जैड अगर भष्टाचार के खिलाफ व स्वच्छ शासन के लिए करती है संघर्ष तो देंगे जनरेशन जैड को समर्थन।
— हिन्दू महासभा मूवमेंट इंटरनेशन
— ​हिन्दू स्टूडेंट्स फेडरेशन

19/06/2025

जब भारत किसी एक धर्म वाला देश ही नही है तो भारत में अल्पसंख्यक आयोग की जरूरत क्यों है। सिर्फ वोट बैंक की है राजनीति।
— हिन्दू स्टूडेंट्स फेडरेशन

15/06/2025

श्री राम मंदिर के लिए लम्बी कानूनी लडाई लड़ने वाले संगठन हिन्दू महासभा को श्री राम मंदिर प्रबंधों में स्थान भाजपा ने क्यों नहीं दिया। चंपत राय की हिन्दू मंदिर की कानूनी लडाई में क्या कोई भूमिका थी। भाजपा जवाब दे।

— हिन्दू महासभा मूवमेंट इंटरनेशनल
— हिन्दू स्टूडेटस फेडरेशन

11/06/2025

पंजाब के मंत्रियों और विधायकों की चार वर्षों की आमदनी को सर्वजनक करे पंजाब सरकार।
— हिन्दू महासभा मूवमेंट इंटरनेशनल

27/10/2024
09/06/2021

—— प्रेस रिलीज ———
मोदी सरकार हिन्दू धर्म दान एक्ट—1951 करे रद्द: हिन्दू महासभा
— इस एक्ट की जगह लागू किया जाए आल इंउिया हिन्दू मंदिर प्रबंधन एक्ट
— हिन्दू धर्म दाम एक्ट—1951 के माध्यम से हिन्दू धर्म व हिन्दू संस्कृति को हिन्दोस्तान में खत्म करने की लागू की जा रही साजिशें, हिन्दुओं को होना होगा जागृत
दिल्ली, 8 जून
अखिल भारत हिन्दू महासभा की राष्ट्रीय अध्यक्ष राज्यश्री चौधरी ने कहा कि हिन्दूओं की सरकार होने का दावा करने वाली केंद्र की भाजपा सरकार , हिन्दू धर्म व संस्कृति को खत्म करने वाले कानून हिन्दू धर्म दान एक्ट —1951 को पूर्ण रूप में रद्द करे। इस की जगह पर नया कानून आल इंडिया हिन्दू मंदिर प्रबंधन एक्ट बना कर लागू किया जाए। जिस में देश भर के सभी हिन्दू मंदिरों का प्रबंध व विकास एक संस्थान के पास हो। केंद्र की भाजपा सरकार इस कानून को रद्द न करके हिन्दू विरोधी होने का सबूत पेश कर रही है। इस मामले को लेकर हिन्दू महासभा देश भर में आवाज बुलंद करेगी।
हिन्दू महासभा के प्रवक्ता आचार्य पंकज शर्मा ने कहा कि
जिस प्रकार अन्य धार्मिक समूह अपने धर्म के प्रसार के लिए धन खर्च करते हैं उसी तरह हिंदू समाज को भी विश्व में यह कार्य करने का अधिकार है। परंतु समय की कांग्रेस सरकार ने एक साजिश के तहत हिन्दू धर्म दान एक्ट-1951 को लागू करके कांग्रेस ने राज्यों को अधिकार दे दिया था कि, बिना कोई कारण बताए वे किसी भी मंदिर को अपने अधीन कर सकते हैं। यह कानून बनने के बाद से मात्र आंध्र प्रदेश सरकार ने लगभग 40 हजार मंदिरों को अपने अधीन ले लिया। तिरुपति बालाजी मंदिर की सालाना कमाई लगभग 3600 करोड़ रुपए है। जिस पर सरकार का कब्जा चल रहा है। इसी तरह हिमाचल प्रदेश , जम्मू, पंजाब आदि अनेक राज्यों के मंदिरों में सरकारों की ओर से कब्जे किए गए है। जबकि मंदिरों के चढ़ावे का 80 प्रतिशत मंदिरों के कल्याण पर खर्च होना चाहिए। जिनकों सरकरें अपनी मर्जी से अलग अलग तरह दुरूपयोग कर रही है। कर्नाटक के 2 लाख मंदिरों में लगभग 55000 मंदिर रख-रखाव के अभाव के कारण बंद हो गए हैं। दुनिया के किसी भी लोकतांत्रिक देश में धार्मिक संस्थानों को सरकारों द्वारा कंट्रोल नहीं किया जाता है, ताकि लोगों की धार्मिक आजादी का हनन न होने पाए। लेकिन भारत में ऐसा हो रहा है। सरकारों ने मंदिरों को अपने कब्जे में इसलिए किया क्योंकि उन्हें पता है कि मंदिरों के चढ़ावे से सरकार को काफी फायदा हो सकता है। आज भारत में लगभग 13 लाख मंदिर हैं, जिनमें 8 लाख मंदिर सरकार के पास हैं। मंदिरों का सोना हिंदू समाज की संपत्ति है, न कि सरकार की।
हिन्दू महासभा नेताओं ने कहा कि तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक व लगभग हर राज्य़ में यही हो रहा है। मंदिर से मिलने वाली रकम का इस्तेमाल मस्जिदों और चर्चों के निर्माण में किया जा रहा है। इस एक्ट के तहत कब्जा सरकारें सिर्फ मंदिरों पर ही कर रही है मसिजदों, चर्चों , गुरुद्वारों ,मजारों व अन्य धार्मिक स्थानों पर सरकारें कोई कब्जा नही कर रही है। सिर्फ हिन्दू धर्म और हिन्दू संस्कृति को खत्म करने की योजना तहत यह कानून आज तक लागू है। पंजाब मे हिन्दू संगठनों ने हिन्दू मंदिर एक्ट लागू करने के लिए मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह को इस एक्ट की पांडू लीपि दी हुई है। परंतु पंजाब सरकार इस पर चुप्पी साधे हुए है और हिन्दूओं की एक्ता को तोड़ने के लिए राज्य में जातियों पर आधारित कल्याण बोर्ड गठित कर रही है। देश भर में हिन्दू महासभाई इस 1951 वाले एक्ट को खत्म करवाने के लिए आवाज बुलंद करेंगे।
जारी कर्ता
आचार्य पंकज शर्मा
प्रवक्ता
अखिल भारत हिन्दू महासभा
9463672734

20/04/2021

---- प्रेस नोट---
कैप्टन पंजाब में लागू करे हिन्दू मंदिर प्रबंधन एक्ट : राज शर्मा
- ब्राह्मण कल्याण बोर्ड का स्वरूप स्पष्ट करे पंजाब सरकार
अमृतसर , 20 अप्रैलः
अखिल भारत हिन्दू महासभा के राज्य अध्यक्ष राज कुमार शर्मा ने कहा कि पंजाब के मुख्य मंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह अपने चुनावी वायदे को मुख्य रखते हुए राज्य में हिन्दू मंदिर प्रबंधक एक्ट को लागू करे। मुख्य मंत्री लगातार अपने वायदों से भाग रहे है। पंजाब में कांग्रेस की सरकार बने हुए चार वर्ष से अधिक समय हो गया है। अगले वर्ष नए चुनाव आने वाले है। परंतु कैप्टन अमरिंदर सिंह वायदे के अनुसार राज्य में हिन्दू मंदिर प्रबंध एक्ट न तो बनाया और न ही लागू किया है। उन्होंने कहा कि कुछ समय पहले पंजाब के हिन्दू संगठनों की ओर से कैप्टन अमरिंदर सिंह के मुख्य सचिव को पंजाब हिन्दू मंदिर एक्ट की पांडू लिपि भी सौंपी थी। जिस पर सरकार ने विचार कर पंजाब हिन्दू मंदिर एक्ट लागू करने का आश्वासन दिया था । उन्होंने कहा कि सरकार अपना वायदा पूरा करने में असफल हुई है। सरकार ने राज्य के अंदर ब्राह्मण कल्याण बोर्ड तो बना दिया। परंतु अभी तक उसका स्वरूप सर्वजनक नही किया है। उन्होंने कहा कि कैप्टन राज्य के अंदर हिन्दू कल्याण बोर्ड स्थापित करे। क्यों कि इस वक्त हिन्दू राज्य में अल्पसंख्यक है। उन्होंने आने वाले विधान सभा चुनावों में अखिल भारत हिन्दू महासभा अपने उम्मीदवार खड़े करेगी। इस के लिए राज्य में आपसी भाईचारे को मजबूत करने के लिए अन्य समान विचारों वाली पार्टियों के साथ गठजोड़ भी करेगी।
अखिल भारत हिन्दू महासभा की ओर से साथ ही पार्टी का विस्तर अभियान तेज कर दिया गया है। इसी के चलते हिन्दू महासभा के जिला अध्यक्ष गुलशन राय की ओर से महासभा के राज्य अध्यक्ष राज कुमार शर्मा की मौजूदगी में पार्टी का विस्तार करते हुए धर्मेंद्र कुमार को जिला संगठन मंत्री नियुक्त किया गया। विक्की कुमार को जिला कार्यकारिणी कमेटी में सदस्य नियुक्त किया गया। साजन कुमार को अमृतसर सैंट्रल मंडल का अध्यक्ष नियुक्त किया गया। जबकि अर्जुन शर्मा को विधान सभा क्षेत्र वेस्ट का प्रभारी नियुक्त किया गया । राज कुमार को वार्ड नंबर 67 का अध्यक्ष नियुक्त किया गया।
- जारी कर्ता
राज कुमार शर्मा
राज्य अध्यक्ष
अखिल भारत हिन्दू महासभा
पंजाब
9915853461

18/12/2020

Jai Hindu Rashtra

23/07/2020

———— प्रेस रिलीज ———————
श्री राम मंदिर का शिलान्यास चारों पीठों के शंकराचार्यों से करवाया जाए: हिन्दू महासभा
— चांदी की जगह शिलान्यास के दौरान सोने की इंटों का हो उपयोग
— कृष्ण पक्षा की जगह , शुक्ल पक्ष की शुभ घडी शिलान्यास के लिए की जाए तय
— आरएसएस व विश्व हिन्दू परिषर की ओर से श्री राम मंदिर के नाम पर इकट्ठा किए गए चार्चित 32 हजार करोड़ की राशि ब्याज समेत जमा करवाई जाए श्री राम मंदिर ट्रस्ट में

दिल्ली, 23 जुलाई
अखिल भारत हिन्दू महासभा ने मांग की है कि श्री राम मंदिर का शिलान्यास चारों पीठों के शंकराचार्यों से करवाया जाए। अगर इन की गैर मौजूदगी में शिलान्यास होता है तो यह हिन्दू समाज को स्वीकार नही होगा। शिलान्यास के लिए कृष्ण पक्ष की जगह शुक्लपक्ष की शुभ घडी का चयन करना चाहिए। वहीं शिलान्याय के दौरान चांदी की इंटों की जगह सोने की इंटे रखा कर शिलान्याय भारतीय वैदिक वस्तुकला और वैदिक ज्योतिष के अनुसार होना चाहिए। श्री राम मंदिर ट्रस्ट में अखिल भारत हिन्दू महासभा को शामिल किया जाए। हिन्दू महासभा वर्ष 1949 से श्री राम मंदिर के लिए कानूनी लडाई लडती आ रही है।
अखिल भारत हिन्दू महासभा के राष्ट्रीय सचिव गगन भाटिया व प्रवक्ता आचार्य पंकज शर्मा ने कहा कि श्री राम मंदिर का शिलान्यास चारों पीठों के शंकराचार्यों के करकमलों से करवाने का ही वैदिक प्रावधान है। चारों पीठों के शंकराचार्यों को इस शुभ कार्य में नजरअंदाज किया जाना देश का सब से बडा राजनीतिक षडयंत्र होगा। जिस को दुनिया भर का हिन्दू समाज सहन नही करेगा। महासभा नेताओं ने कहा कि कृष्ण पक्ष में कोई भी शुभ कार्य करना भारतीय ज्योतिष शास्त्र के सूत्रों के खिलाफ है। इस लिए श्री राम मंदिर के निर्माण के शिलान्यास के लिए शुकलपक्ष की शुभ तिथि तय की जानी आनिवार्य है। मंदिर निर्माण के शिलान्यास के साथ भगवान श्री हनूमान जी की प्रतिमा पहले स्थापित किया जाना अति जरूरी है। वहीं मंदिर के बढाए गए गुबंदों की संख्या को भारतीय वैदिक वास्तु शास्त्र के अनुसार तैयार व तय किया जाना जरूरी है। जिस को पूरी तरह श्री राम मंदिर ट्रस्ट प्रबंधकों की ओर से नजर अंदाज किया जा रहा है। हिन्दू महासभा नेताओं ने कहा कि श्री राम मंदिर ट्रस्ट में से , अखिल भारत हिन्दू महासभा को बाहर रखना केंद्र की सत्ताधारी पार्टी की एक और बडी राजनीतिक साजिश है , जबकि श्री राम मंदिर का केस वर्ष 1949 से हिन्दू महासभा लडती आ रही है । जिस का अखिल भारत हिन्दू महासभा विरोध करती है। देश व विदेशों में रहने वाले करोडों हिन्दुओं ने श्री राम मंदिर के नाम पर आरएसएस और विश्व हिन्दू परिषद की ओर से जो चर्चित 32 हजार करोड़ रूपए इकट्ठा किए गए है, उस सारी राशि को श्री रामंदिर ट्रस्ट में विश्व हिन्दू परिषद की ओर से बिना शर्ता ब्याज समेत जमा करवाया जाए। हिन्दू महासभा की मांग है कि ट्रस्ट में सभी सराकारी अधिकारियों और राजनेताओं को बाहर करके उनकी जगह पर हिन्दू धार्मिक संतों , अखिल भारत हिन्दू महासभा, हिन्दू संत व साधू समाज और सभी हिन्दू धार्मिक अखाडों के प्रतिनिधियों को शामिल किया जाए। इस के लिए अखिल भारत हिन्दू महासभा राष्ट्रव्यापी मुहिम शुरू करेगी।
— जारी कर्ता
आचार्य पंकज शर्मा
राष्ट्रीय प्रवक्ता
अखिल भारत हिन्दू महासभा
9463672734,

Address

Delhi

Alerts

Be the first to know and let us send you an email when Hindu Mahasabha Rashtrawadi-Akhil Bharat Hindu Mahasabha-ABHM posts news and promotions. Your email address will not be used for any other purpose, and you can unsubscribe at any time.

Contact The Place Of Worship

Send a message to Hindu Mahasabha Rashtrawadi-Akhil Bharat Hindu Mahasabha-ABHM:

Share

Category