05/03/2026
*🔱ॐ नमः शिवाय 🔱*
*सांध्य वंदनम्.*🙏🙇♂️
*===============*
*आत्मा त्वं गिरिजा मति:,*
*सहचरा: प्राणा: शरीरं गृहं*
*पूजा तेविषयोपभोगरचना* *निद्रासमाधिस्थिति:,सञ्चार:पदयो:प्रदक्षिणविधि:स्तोत्राणि सर्वा गिरो,यद्यत्कर्म करोमि तत्तदखिलं,शम्भो तवाराधनम्,,।।*
*हे शिव शम्भो,,! मेरी आत्मा आप हो, बुद्धि माँ पार्वती जी हैं, प्राण आप के गण हैं, मेरा शरीर आपका मन्दिर है, सम्पूर्ण विषय-भोग की रचना आपकी पूजा है, निद्रा समाधि है, मेरा चलना-फिरना आपकी परिक्रमा है, तथा सम्पूर्ण शब्द आपके स्तोत्र हैं। इस प्रकार मैं जो-जो कर्म करता हूँ, वह सब आपकी आराधना ही है, हे प्रभु आपको मेंरा कोटि-कोटि प्रणाम हैं..!!*
*🔱ॐनंमः शिवाय🔱*
*शुभ वंदन प्रणांम..*🙏🙇♂️