08/02/2022
एक पक्ष यह भी...
जिस पार्टी में छुटभैये नेता अधिक प्रभावी होते हैं उस पार्टी की सरकार आने पर जनता अधिक पीड़ित होती है।
BJP में छूटभैये नेताओं की बहुत कम सुनी जाती है यही कारण है जनता को यह लगता है कि यदि मैं BJP को वोट दे दूं और BJP की सरकार आ भी जाये तो यह व्यक्ति मुझे परेशान नहीं कर पायेगा... कुछ मामलों को छोड़ दें तो यही सत्य है...
जबकि सपा में इसका जस्ट उल्टा है, हर छुटभैये सपाई नेता खुद को अखिलेश से कम नहीं समझते, हर छुटभैये मुख्यमंत्री बन जाते हैं और गांव देश क्षेत्र में आम लोगों से गुंडई करने लगते हैं, जिससे जनता भयभीत रहती है कि यदि सपा सरकार आ गयी तो अराजकता बढ़ जाएगी... क्योंकी छुटभैये सपाई प्रशासन तक की नहीं सुनते...
वैसे भी 5 साल से बेरोजगार हैं भूखें है यदि सपा सरकार आयी तो उनकी भूँख आप जल्द ही देख लेंगे। नोट और सर दोनो ही प्रस्तुत रखियेगा एक देने के लिए दूसरे पर खाने के लिए...
हो सके तो वोट देने जाने से पहले उस दौर को और इस दौर पर एकांत में बैठकर चिंतन करके तब वोट देने जाना... बाकी हरि इच्छा
#साभार