24/12/2025
🌸 श्री कृष्ण सेवा केवल कर्म नहीं,
यह प्रेम, समर्पण और निःस्वार्थ भाव की साधना है।
जो व्यक्ति अपने अहंकार को त्याग कर,
हर जीव में कृष्ण को देखकर सेवा करता है,
वही सच्चा सेवक कहलाता है।
🐄 गौ-सेवा, 🍚 अन्न-दान, 📿 नाम-स्मरण,
और 🤍 निःस्वार्थ सहायता —
यही श्री कृष्ण को सबसे अधिक प्रिय है।
जब हम सेवा करते हैं,
तो हम किसी मनुष्य की नहीं,
स्वयं श्री कृष्ण की सेवा करते हैं।
✨ सेवा में शुद्ध भाव हो,
नाम में श्रद्धा हो,
और जीवन में धर्म हो —
यही कृष्ण भक्ति का सच्चा मार्ग है।
🕉️ स्मरण रखें:
“सेवा से बड़ा कोई योग नहीं,
और प्रेम से बड़ा कोई धर्म नहीं।”
🌺 हरे कृष्ण हरे कृष्ण,
कृष्ण कृष्ण हरे हरे
हरे राम हरे राम,
राम राम हरे हरे 🌺