13/06/2026
Durga Saptashati | Class 24 | Devi Atharvashirsha | शब्दार्थ एवं हिन्दी भावार्थ | Chandi Path | https://youtube.com/live/V3IfJshwHrQ
🙏 देव्यथर्वशीर्षम् अथर्ववेद का एक अत्यंत गूढ़ और दार्शनिक स्तोत्र है,
जिसमें देवी को ब्रह्मस्वरूप, शक्ति-तत्त्व, सर्वव्यापक सत्ता और तुरीया चेतना के रूप में प्रतिपादित किया गया है।
इस पाठ में देवी को — ॐकारस्वरूपा ब्रह्म, माया और महाशक्ति जगत् की कारण और कार्य दोनों के रूप में साक्षात् अनुभव कराया जाता है। यह कक्षा दुर्गा सप्तशती पारायण प्रशिक्षण श्रृंखला का एक अत्यंत महत्त्वपूर्ण बौद्धिक-आध्यात्मिक चरण है।
✨ Devi Atharvashirsha के प्रमुख फल
🔹 देवी को ब्रह्मस्वरूप एवं शक्ति-तत्त्व के रूप में बोध
🔹 अविद्या, भय एवं नकारात्मक शक्तियों का मूलतः नाश
🔹 आत्मबल, धैर्य एवं दिव्य चेतना की अभिवृद्धि
🔹 साधना में स्थिरता, एकाग्रता एवं सिद्धि का संवर्धन
🔹 माँ भगवती की कृपा, संरक्षण और आत्मिक जागरण की अनुभूति
🎧 पाठ विवरण
📚 ग्रंथ: Durga Saptashati / Devi Mahatmyam
📖 स्तोत्र: Shri Devi Atharvashirsha
🕉️ विधि: पदच्छेद – अन्वय – हिन्दी भावार्थ सहित
🎙️ प्रशिक्षक: Dr. Akhilesh Kumar Mishra
📺 चैनल: Adhyaatma Jagat
🌸 यह पाठ जिज्ञासु साधकों, गम्भीर उपासकों एवं ब्रह्म-शक्ति तत्त्व को समझने वालों के लिए अत्यंत उपयोगी है।