Jawalamukhi Shrine

Jawalamukhi Shrine Famous Shrine of Jawalamukhi in Himachal Pardesh

गुप्त नवरात्रि में दस महाविद्याओं की पूजा की जाती है, जो देवी दुर्गा के शक्तिशाली रूप हैं। ये दस महाविद्याएं हैं:- *मां ...
19/01/2026

गुप्त नवरात्रि में दस महाविद्याओं की पूजा की जाती है, जो देवी दुर्गा के शक्तिशाली रूप हैं। ये दस महाविद्याएं हैं:
- *मां काली*: तंत्र की देवी, अद्वितीय शक्ति और संरक्षण की देवी
- *मां तारा*: तारिणी के नाम से भी जानी जाती है, जो भक्तों को संकट से बचाती हैं
- *मां त्रिपुर सुंदरी*: सर्वोच्च देवी, श्री विद्या साधना का केन्द्र
- *मां भुवनेश्वरी*: सृष्टि की अधीश्वरी और सर्वशक्तिमान देवी
- *मां छिन्नमस्ता*: आत्म-दया, भय से मुक्ति और शक्ति की देवी
- *मां त्रिपुरभैरवी*: भय को नष्ट करने वाली देवी
- *मां धूमावती*: मृत्यु की देवी, जो शत्रुओं का नाश करती हैं
- *मां बगलामुखी*: शत्रुओं को वश में करने वाली देवी
- *मां मातंगी*: तांत्रिक सरस्वती, ज्ञान और संगीत की देवी
- *मां कमला*: तांत्रिक लक्ष्मी, धन और समृद्धि की देवी
# # # पूजा विधान:
1. *घटस्थापना*: गुप्त नवरात्रि के पहले दिन घटस्थापना करें।
2. *पूजा*: सुबह और शाम को देवी की पूजा करें।
3. *नैवेद्य*: देवी को फल, फूल, और नैवेद्य अर्पित करें।
4. *मंत्र जाप*: देवी के मंत्रों का जाप करें।
5. *आरती*: देवी की आरती करें।
6. *कन्या पूजन*: अष्टमी या नवमी को कन्या पूजन करें।
7. *उपवास*: उपवास रखें और देवी की पूजा करें।
8. *दान*: दान-पुण्य करें।
# # # नैवेद्य:
- फल: आम, केला, नारियल
- फूल: गुड़हल, कमल
- नैवेद्य: खीर, बताशे, नारियल
# # # मंत्र:
- *मां काली*: ऊं क्रीं कालिकायै नमः
- *मां तारा*: ऊं तारायै नमः
- *मां त्रिपुर सुंदरी*: ऊं ऐं ह्रीं श्रीं त्रिपुर सुंदरीये नमः
- *मां भुवनेश्वरी*: ह्रीं भुवनेश्वरीय ह्रीं नमः
- *मां छिन्नमस्ता*: ऊं छिन्नमस्तायै नमः
- *मां त्रिपुरभैरवी*: ऊं त्रिपुर भैरवीये नमः
- *मां धूमावती*: धूं धूं धूमावती दैव्ये स्वाहा
- *मां बगलामुखी*: ऊं ऐं ह्रीं श्रीं बगलामुखी सर्वदृष्टानां मुखं, पदम् स्तम्भय जिव्हा कीलय, शत्रु बुद्धिं विनाशाय ह्रलीं ऊं स्वाहा
- *मां मातंगी*: ऊं मातंग्यै नमः
- *मां कमला*: ऊं कमलायै नमः
ध्यान रखें, गुप्त नवरात्रि में पूजा करते समय शुद्धता और एकाग्रता का विशेष ध्यान रखें।

19/01/2026

पंचांग के अनुसार शुभ मुहूर्त में किया कोई भी पूजा -पाठ फलदायी होता है। उत्तराषाढ़ा नक्षत्र 11 बजकर 52 मिनट तक उसके बाद श्रवण रहेगा। चंद्रमा मकर राशि में संचरण करेंगे। वहीं, सूर्योदय 7 बजकर 14 मिनट पर और सूर्यास्त 5 बजकर 49 मिनट पर होगा। घटस्थापना के लिए उत्तम समय ब्रह्म मुहूर्त होता है, जो 5 बजकर 27 मिनट से 6 बजकर 21 मिनट तक और अभिजीत मुहूर्त 12 बजकर 11 मिनट से 12 बजकर 53 मिनट तक है। यदि कलश स्थापना ब्रह्म मुहूर्त में नहीं कर सके तो अभिजित सर्वोत्तम विकल्प है। वहीं, सर्वार्थ सिद्धि योग सुबह 11 बजकर 52 मिनट से अगले दिन बजकर 7 बजकर 14 मिनट तक है।

19/01/2026

भगवती के आराधना का बेहद महत्वपूर्ण पर्व गुप्त नवरात्रि 19 जनवरी से शुरू हो रहा है। विधि-विधान से की गई देवी की आराधना से आध्यात्मिक उन्नति, मनोकामना पूर्ति के साथ ही नकारात्मक ऊर्जा से मुक्ति मिलती है और जीवन में सुख-समृद्धि के मार्ग प्रशस्त होते हैं। इन नौ दिनों में मां दुर्गा की कृपा से जीवन में सकारात्मक परिवर्तन और शक्ति का संचार होता है। सोमवार 19 जनवरी से माघ गुप्त नवरात्रि की शुरुआत हो रही है, जो 27 जनवरी तक चलेगी। यह वर्ष की चार नवरात्रियों में से एक गुप्त नवरात्रि है, जिसमें विशेष रूप से तांत्रिक साधना, दस महाविद्याओं की उपासना और गहन आध्यात्मिक उन्नति के लिए भगवती की आराधना की जाती है। शारदीय या चैत्र नवरात्रि की भांति यह उत्सव धूम-धाम से नहीं, बल्कि शांत, गुप्त और नियमबद्ध तरीके से मनाया जाता है। भक्त घटस्थापना कर मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की साधना करते हैं, जिसमें सिद्धि प्राप्ति, बाधा निवारण और मनोकामना पूर्ति का विशेष महत्व है। इस वर्ष प्रतिपदा तिथि 2 बजकर 14 मिनट से 20 जनवरी तक रहेगी। इसलिए उदयातिथि के अनुसार 19 जनवरी से पूजा आरंभ होती है। सर्वार्थ सिद्धि योग का शुभ संयोग इसे और भी फलदायी बनाता है।

19/01/2026

माघ गुप्त नवरात्र शुरू हो रहे हैं और इसका समापन 27 जनवरी को होगा. गुप्त नवरात्र का पहला दिन 19 जनवरी को है और इसी दिन प्रात:काल में घटस्थापना या कलश स्थापना की जाएगी. 19 जनवरी को सुबह 07 बजकर 14 मिनट से लेकर सुबह 10 बजकर 46 मिनट तक घटस्थापना का मुहूर्त रहेगा.

19/01/2026
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19/01/2026

आज से ही गुप्त नवरात्रि भी प्रारंभ हो रहे हैं. आज गुप्त नवरात्रि का पहला दिन, उत्तराषाढा नक्षत्र, किंस्तुघ्न करण, शुक्ल पक्ष और चंद्रमा मकर राशि पर संचार करेंगे

नैन तेरे माँ नैना देवी. नैन तेरे माँ नैना देवी चरन तेरे चिंतापूर्णी धड तेरा माँ दिल काँगडे ज्योता जगदीया ज्वालामुखी
19/01/2026

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02/01/2026
श्री ज्वालामुखी देवी नमः❤️
29/12/2025

श्री ज्वालामुखी देवी नमः❤️

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Dehra Road
Bohan
176031

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